
संवाददाता-जितेंद्र ठाकुर आगरा मंडल ब्यूरो प्रमुख की खास रिपोर्ट
जनपद मथुरा में जिला जज विकास कुमार की अदालत ने एक जघन्य हत्याकांड में आरोपी उमेश को फांसी की सजा सुनाई है। कोर्ट ने आरोपी पर 1 लाख 30 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
घटना 11 मार्च 2025 की है, जब हरियाणा के हसनपुर निवासी उमेश ने साड़ी पहनकर पहचान छिपाते हुए वारदात को अंजाम दिया। उसने अपनी बहन की जेठानी रेखा पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। बताया गया कि रेखा ने आरोपी की छेड़छाड़ का विरोध किया था, जिसके बाद इस खौफनाक घटना को अंजाम दिया गया।
वारदात के बाद आरोपी ने छत से कूदकर भागने की कोशिश की, लेकिन गिरने से उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल रेखा और आरोपी दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया, जहां रेखा ने उसी रात दम तोड़ दिया।
पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच पूरी कर आरोपी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। 4 दिसंबर को शुरू हुई सुनवाई में 11 गवाहों की ठोस गवाही के आधार पर अदालत ने उमेश को दोषी करार दिया और फांसी की सजा सुनाई।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी उमेश पहले भी हत्या के मामले में दोषी रह चुका है। हरियाणा में उसने अपनी प्रेमिका मधु के साथ मिलकर उसके पति की हत्या की थी और शव को ठिकाने लगाने की कोशिश की थी। इस मामले में पलवल जिला अदालत पहले ही उसे आजीवन कारावास की सजा सुना चुकी है।
यह फैसला मथुरा में चर्चाओं का विषय बना हुआ है और इसे एक सख्त संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
