पवन कुमार md न्यूज़ वाईस इंचार्ज तहसील लखीमपुर

लखीमपुर खीरी। गांवों में गरीब और जरूरतमंद परिवारों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने की जिम्मेदारी पंचायत और संबंधित विभागों की है। ग्रामीणों का कहना है कि जब प्रधान पर अनियमितता या घोटाले के आरोप लगते हैं तो मामले को लेकर खबरें प्रमुखता से सामने आती हैं, लेकिन गरीबों के राशन से जुड़े सवालों पर जिम्मेदार कोटेदारों की कार्यप्रणाली की जांच और खबर क्यों नहीं होती?
ग्रामीणों का आरोप है कि पात्र परिवारों को राशन वितरण में कई बार दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में सवाल उठता है कि यदि गरीबों के हक का राशन प्रभावित हो रहा है तो इसकी निष्पक्ष जांच कौन करेगा?
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पंचायत के साथ-साथ सरकारी राशन की दुकान की भी जांच कराई जाए और यदि किसी स्तर पर अनियमितता मिलती है तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। अब देखना होगा कि संबंधित विभाग गरीबों के राशन से जुड़े इन सवालों पर कब संज्ञान लेता है।
