
पीड़ित नें थानाध्यक्ष पर लगाये गए आरोपों का किया खंडन
अमेठी जनपद के बाजारशुक्ल थाना क्षेत्र के खालिस बाहरपुर से एक ऐसा मामला सामने आया है जहां, युवक सौरभ सिंह को दबंगो नें जमकर पीटा जिससे पीड़ित के सर् और शरीर में चोटें आई तब पीड़ित थाने पहुंचे और जिससे पुलिस नें मेडिकल कराते हुये नियमानुसार दबंग विपक्षी अनिल कुमार ,दुबे सुभाष चंद्र दुबे ,हरिश्चंद्र दुबे ,आलोक कुमार दुबे, अतुल कुमार ,रविंद्र कुमार, अरविंद कुमार दुबे,पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया। युवक नें बताया कि मुकदमा पंजीकृत होने के बाद विपक्षी लोग वर्तमान ग्राम प्रधान रामराज सरोज, से मिलकर मुझपर और मेरे परिवार वालों को हरिजन एक्ट, के मुकदमे में फंसाने की जद्दोजहद में लग गए। पीड़ित युवक नें बताया कि फर्जी एससी/एसटी मुकदमा दर्ज करने के लिए थाना अध्यक्ष पर दबाव बनाया गया जिसकी जांच पुलिस नें की तो मामला फर्जी पाया गया तो दबंगो द्वारा थानाध्यक्ष अभिनेश कुमार पर फर्जी आरोप लगाये गए। जिससे पीड़ित युवक द्वारा आरोपों को खंडित कर दिया गया। पीड़ित सौरभ सिंह नें बताया कि मामले को क्रॉस केस के लिए विपक्षी नें थानाध्यक्ष पर जो भी आरोप लगाते हैं वो असत्य एवं निराधार हैं, थानाध्यक्ष का कार्यकाल बहुत ही अच्छा चल रहा है। वहीं पीड़ित नें पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र देते हुये, विपक्षी लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की अपील की है। वहीं पीड़ित नें बाजार शुक्ल थानाध्यक्ष अभिनेश कुमार पर विपक्षियों द्वारा लगाये गए आरोपों को भी खंडित कर दिया है। पीड़ित सौरभ सिंह पुत्र अमर बहादुर नें एसपी से मुलाकात कर बताया कि विपक्षीयों नें साजिस करके मेरे ऊपर एससी/एसटी एक्ट लगवाने के लिए थाना अध्यक्ष को पत्र दिए जिसकी जांच में मामला फर्जी पाया गया तो थाना अध्यक्ष वा पुलिस की छवि खराब करने के लिए फर्जी खबरें प्रेषित की गई। फिलहाल थानाध्यक्ष पर लगाये गए आरोप सत्य हैं या असत्य इसकी पुष्टि समाचार पत्र नहीं करता है। फिलहाल मामले में पुलिस अधीक्षक नें न्याय का आश्वासन दिया है।
