बाराबंकी। नारी के लिए पतिव्रत धर्म ही सर्वोपरि है पतिव्रता स्त्री किसी भी मुसीबत से अपने पति व परिवार को बचा सकती है। इस बात का को सिद्ध करते हुए शनिवार को विकासखंड देवा के ग्राम लोकई पुरवा निवासी रामचंद्र यादव द्वारा आयोजित पांच दिवसीय भागवत कथा के समापन अवसर पर सुप्रसिद्ध कथा वाचिका सीनू शास्त्री ने व्यक्त किया।कुमारी शास्त्री ने सती अनुसुइया की कथा को सुनाकर यह सिद्ध कर दिया कि एक पतिव्रता स्त्री जब ब्रह्मा ,विष्णु और शंकर जी को अपने सतीत्व से बालक बना सकती है तो और फिर क्या असंभव है। इसी के साथ कथावाचिका ने उपस्थित सभी महिलाओं से पतिव्रता धर्म सेवन करने की अपील भी की। आयोजित विशाल भंडारे में हजारों महिला पुरुषों ने प्रसाद ग्रहण किया और भागवत कथा को भी आनंद प्राप्त किया।संपूर्ण भागवत कार्यक्रम में मनोज कुमार,सुनील कुमार,सुरेंद्र कुमार,राजू बाबा,राहुल कुमार का विशेष सहयोग रहा।कार्यक्रम के समापन पर पारा खंदौली के पूर्व प्रधान एवं वरिष्ठ समाजवादी नेता ज्ञान सिंह यादव द्वारा आयोजक, कथावाचिका व उनके सहयोगियों को अंगवस्त्र भेंटकर फूल मालाओं से सम्मानित किया गया।

मंडल ब्यूरो चीफ अयोध्या तेज बहादुर शर्मा।
