रिपोर्ट – परवेज आलम

लखीमपुर खीरी। मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) लखीमपुर ने आज पवित्र लिलौटी नाथ मंदिर पहुंचकर मंदिर के महंतों एवं क्षेत्रीय प्रतिनिधियों से महत्वपूर्ण वार्ता की। इस दौरान मंदिर के समग्र विकास, श्रद्धालुओं की सुविधाओं, स्वच्छता व्यवस्था एवं सौंदर्यीकरण को लेकर विस्तृत चर्चा सम्पन्न हुई। बैठक में मंदिर परिसर की वर्तमान व्यवस्थाओं पर गंभीरता से विचार-विमर्श करते हुए क्षेत्रवासियों एवं श्रद्धालुओं की लंबे समय से चली आ रही आवश्यकताओं को प्रमुखता से उठाया गया।महंतों ने सीडीओ को अवगत कराया कि लिलौटी नाथ मंदिर धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र है, जहाँ प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन एवं पूजा-अर्चना के लिए पहुँचते हैं। ऐसे में मंदिर परिसर एवं घाटों की नियमित साफ़-सफ़ाई की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित किया जाना अत्यंत आवश्यक है, ताकि दूर-दराज़ से आने वाले श्रद्धालुओं को स्वच्छ एवं पवित्र वातावरण मिल सके।
बैठक के दौरान महिलाओं, बुजुर्गों एवं श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर के आसपास आधुनिक एवं स्वच्छ शौचालयों के निर्माण की माँग भी प्रमुखता से रखी गई। महंतों ने बताया कि पर्वों एवं विशेष धार्मिक आयोजनों के अवसर पर यहाँ हजारों की संख्या में भक्तजन पहुँचते हैं, जिससे मूलभूत सुविधाओं की आवश्यकता और अधिक बढ़ जाती है।इसके अलावा मंदिर क्षेत्र के सौंदर्यीकरण, घाटों के रखरखाव एवं श्रद्धालुओं के लिए बेहतर व्यवस्थाएँ विकसित करने पर भी चर्चा की गई। महंतों ने कहा कि लिलौटी नाथ मंदिर केवल आस्था का केंद्र ही नहीं, बल्कि क्षेत्र की धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण प्रतीक है, जिसके संरक्षण एवं विकास के लिए प्रशासनिक सहयोग अत्यंत आवश्यक है। सीडीओ ने सभी बिंदुओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधाओं एवं धार्मिक स्थलों के विकास को लेकर प्रशासन पूरी तरह संवेदनशील है और शीघ्र आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।बैठक के अंत में आशा व्यक्त की गई कि प्रशासन के सहयोग से आने वाले समय में लिलौटी नाथ मंदिर क्षेत्र में स्वच्छता, सौंदर्यीकरण एवं श्रद्धालुओं की सुविधाओं में व्यापक सुधार देखने को मिलेगा, जिससे भक्तों को एक स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित वातावरण प्राप्त हो सकेगा।
