धर्मेन्द्र कसौधन/ब्यूरो
महराजगंज।जनपद के कोठीभार थाना क्षेत्र के विशुनपुरा गांव में ज़मीनी विवाद को लेकर एक युवक पर जानलेवा हमला करने और पुलिस द्वारा उल्टा पीड़ित पक्ष पर ही कार्रवाई करने का गंभीर मामला सामने आया है। इस संबंध में विशुनपुरा निवासी सविता देवी पत्नी योगेन्द्र गुप्ता ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) महराजगंज को एक शपथ पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है।

क्या है पूरा मामला?
सविता देवी द्वारा दिए गए शपथ पत्र के अनुसार, घटना 11 जुलाई 2026 को दोपहर करीब 4:00 बजे की है। गांव के ही सुरेश (पुत्र रामनयन गुप्ता), पुनीता (पत्नी सुरेश), आशीष (पुत्र सुरेश), रामधनी (पुत्र हरिवंश) और ऋषिकेश (पुत्र रामधनी) लामबंद होकर ज़मीनी विवाद को लेकर पीड़िता के घर पर हमला कर दिया।

बीच-बचाव करने आए पीड़िता के पुत्र नीतीश के सिर पर सुरेश ने जान से मारने की नीयत से लोहे की रॉड से वार कर दिया। इस हमले में नीतीश का सिर फट गया और अत्यधिक खून बहने के कारण उसकी हालत अत्यंत चिंताजनक हो गई।

पुलिस पर मिलीभगत और एकतरफा कार्रवाई का आरोप
पीड़िता का आरोप है कि घटना के बाद स्थानीय थाना कोठीभार पुलिस ने उनकी तहरीर पर कानूनी कार्रवाई करने के बजाय उल्टा पीड़ित पक्ष को ही शांति भंग की धारा में पाबंद कर दिया। आरोप है कि पुलिस ने विपक्षी दलों से मिलीभगत कर घायल नीतीश और बीच-बचाव करने वाले ग्रामीण रामबचन गुप्ता पर ही मुक़दमा अपराध संख्या 0206/2026, धारा- 115(2), 352, 351(3) बी.एन.एस. (BNS) के तहत कथित फर्ज़ी मुक़दमा दर्ज कर दिया गया।

परिवार दहशत में
शपथ पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि इस घटना और पुलिसिया कार्रवाई के बाद भी विपक्षी दल के लोगों ने पीड़िता और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी दी है, जिससे पूरा परिवार काफी डरा और सहमा हुआ है। पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और अपने परिवार की सुरक्षा की मांग की है।

