
रिपोर्ट शाहनूर आलम प्रयागराज मंडल सहायक ब्यूरो प्रमुख
प्रतापगढ़:देहात कोतवाली क्षेत्र के श्रीकांत का पुरवा गांव में संतान न होने से परेशान बताए जा रहे दंपती ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया।
गांव निवासी सुभाष चंद्र तिवारी (53) अपनी पत्नी सपना तिवारी (50) के साथ सुबह करीब 3 बजे घर से निकले। दोनों करीब 100 मीटर दूर स्थित ट्यूबवेल के पास पहुंचे, जहां दोनों ने कथित तौर पर जहरीला पदार्थ खा लिया।
सुबह खेतों की ओर जा रहे ग्रामीणों ने दोनों को ट्यूबवेल के पास पड़ा देखा। सुभाष के मुंह से झाग निकल रहा था, जबकि सपना की हालत गंभीर थी। सपना ने ग्रामीणों को बताया कि दोनों ने जहर खा लिया है।
परिजन दोनों को अस्पताल ले गए जहां डॉक्टरों ने सुभाष को मृत घोषित कर दिया। वहीं सपना की हालत गंभीर होने पर उन्हें प्रयागराज के स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू की। तलाशी के दौरान सुभाष की जेब से एक सुसाइड नोट मिला। इसमें उन्होंने अपनी मौत के लिए खुद को जिम्मेदार बताया और परिवार के किसी सदस्य को परेशान न करने की अपील की।
परिजनों के मुताबिक, सुभाष और सपना की शादी करीब 28 साल पहले हुई थी। दंपती के कोई संतान नहीं थी और इसी बात को लेकर दोनों काफी परेशान रहते थे। हालांकि, परिजनों का कहना है कि उन्हें संतान न होने को लेकर किसी तरह के ताने नहीं मिलते थे।
