वेद प्रकाश राजपूत ब्यूरो चीफ अयोध्या एम डी न्यूज़

जनपद अयोध्या के रुदौली क्षेत्र स्थित सुनवा के घने जंगलों के बीच में स्थित मेधा ऋषि आश्रम परिसर में गुरुवार को आस्था, परंपरा और लोक संस्कृति का अनूठा संगम देखने को मिला। यहां आयोजित सामूहिक धार्मिक अनुष्ठान में 101 सुहागिन महिलाओं ने अवसान माई की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर अपने परिवार की सुख-समृद्धि, अखंड सौभाग्य तथा क्षेत्र एवं समाज की खुशहाली की कामना की।कार्यक्रम का शुभारंभ मेधा ऋषि आश्रम के महंत भगवत शरण दास ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इसके बाद पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार दुर्दुरिया पूजन संपन्न हुआ। पूजा में शामिल महिलाओं ने पूरे श्रद्धाभाव के साथ धार्मिक अनुष्ठान में भाग लिया। सामूहिक रूप से गूंजते मंगल गीतों और पूजा-अर्चना से पूरा आश्रम परिसर भक्तिमय वातावरण में सराबोर हो गया।आयोजन में 10 समूहों में विभाजित 101 सुहागिन महिलाओं ने अवसान माई की पूजा संपन्न की। महिलाओं ने परिवार की खुशहाली, संतान की उन्नति, वैवाहिक जीवन की मंगलकामना तथा समाज में सुख, शांति और समृद्धि की प्रार्थना की। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की मौजूदगी से आश्रम परिसर पूरे दिन धार्मिक उत्साह से भरा रहा।आयोजन से जुड़े राम कुमार ने बताया कि इस सामूहिक पूजा का उद्देश्य केवल महिलाओं का सम्मान करना नहीं है, बल्कि प्राचीन लोक परंपराओं, धार्मिक आस्थाओं और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करते हुए नई पीढ़ी तक पहुंचाना भी है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं और सामाजिक समरसता को भी मजबूत बनाते हैं।
