
एमडी न्यूज राष्ट्रीय शिकायत निवारण अधिकारी-अजीत यादव
गोंडा। थाना धानेपुर थानाध्यक्ष ने नवरात्रि-दशहरा पर शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील, नई परंपरा शुरू करने पर रोक ।धानेपुर क्षेत्र में 103 दुर्गा प्रतिमाएं होंगी स्थापित, 10 स्थानों पर होगा विसर्जन; डीजे की तेज आवाज और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर कार्रवाई की चेतावनी

नवरात्रि और दशहरा त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से शुक्रवार शाम धानेपुर थाने में पीस कमेटी की बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्षेत्र के संभ्रांत नागरिकों, दुर्गा पूजा आयोजकों और जनप्रतिनिधियों से आपसी सौहार्द बनाए रखने तथा त्योहार को मिल-जुलकर मनाने की अपील की गई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि त्योहार के दौरान अराजकता फैलाने, बेवजह विवाद उत्पन्न करने और कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
नई परंपरा शुरू करने की अनुमति नहीं
सीओ सदर अभिषेक दावच्या ने कहा कि नवरात्रि और दशहरा के दौरान सभी लोग शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें। किसी भी स्थिति में नई परंपरा शुरू न की जाए और बिना अनुमति कोई दुर्गा प्रतिमा स्थापित न की जाए। उन्होंने आयोजकों से अपनी जिम्मेदारी समझते हुए त्योहार मनाने की अपील की। कहा कि तेज आवाज में डीजे बजाने से लोगों को परेशानी हो सकती है। विशेष रूप से बुजुर्गों, बीमारों और कमजोर दिल वाले लोगों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए डीजे की आवाज निर्धारित मानकों के अनुरूप रखी जाए। किसी भी प्रकार की समस्या होने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते उसका समाधान किया जा सके। कोई भी व्यक्ति कानून अपने हाथ में न ले।
12 फीट से ऊंची नहीं होगी प्रतिमा
थानाध्यक्ष विपुल पांडेय ने बताया कि धानेपुर थाना क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर कुल 103 दुर्गा प्रतिमाएं स्थापित की जानी हैं, जबकि 10 स्थानों पर निर्धारित पवित्र जलाशयों में प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि नई प्रतिमा स्थापित करने की अनुमति नहीं होगी और जिस स्थान पर प्रतिमाओं का विसर्जन पहले से होता आया है, विसर्जन वहीं किया जाएगा। उन्होंने आयोजकों को निर्देश दिया कि दुर्गा प्रतिमाओं की ऊंचाई 12 फीट से अधिक न रखी जाए। प्रतिमा विसर्जन के दौरान ट्रैक्टर-ट्रॉली पर किसी नाबालिग को न बैठाया जाए और वाहन पर क्षमता से अधिक लोगों को न बैठने दें। थानाध्यक्ष ने कहा कि दुर्गा पूजा पंडालों में बिजली के खुले तार न रहें। आग से बचाव के लिए बाल्टी में बालू भरकर जरूर रखी जाए, ताकि आपात स्थिति में तत्काल बचाव किया जा सके। उन्होंने आयोजकों से डीजे का प्रयोग न करने की अपील करते हुए कहा कि त्योहार खुशियां मनाने का अवसर है। ऐसा कोई काम न करें, जिससे खुशियों का माहौल मातम में बदल जाए। यदि डीजे लगाया जाता है तो उसकी आवाज निर्धारित मानकों के अनुरूप रखनी होगी। नियमों की अनदेखी होने पर प्रशासन को कार्रवाई करनी पड़ेगी। इस दौरान उमापति गुप्ता, शाहिद अली सिद्दीकी, राजेंद्र वर्मा, राजकुमार सिंह, पप्पू पासवान, डॉ. बसंत वर्मा, जगदीश पांडेय, गोपाल कसौधन और राजन पांडेय सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे।
