संवाददाता -विशाल गुप्ता
बाराबंकी । शिवगंगा साहित्य सेवा समिति के तत्वावधान में शिव गंगा मैरिज लॉन मसौली में वरिष्ठ कवि वीरेंद्र सिंह करुण की अध्यक्षता मे काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया गोष्ठी का शुभारम्भ कवि नागेंद्र सिंह की सरस्वती वंदना से हुई।
बताते चले कि भाजपा नेता एव कवि राजकुमार सोनी के प्रतिष्ठान पर प्रत्येक माह होने वाली काव्य गोष्ठी के क्रम मे अगस्त माह की हुई गोष्ठी में विभिन्न समसामयिक विषयों के साथ राष्ट्र वंदना स्वतंत्रता दिवस, और श्री कृष्ण जन्माष्टमी के उपलक्ष्य में ही ज्यादातर कवियों ने अपनी रचनाएं पढ़ी। कवि शिवकुमार व्यास तथा अजय प्रधान की विशिष्ट उपस्थिति रही। रवि रुद्रांश ने भी मनहर काव्यपाठ किया।

कवि नागेंद्र सिंह ने काव्यपाठ करते हुए पढ़ा ” बेधि गई दिल देवर के सम पुष्प परंतु कटीली हैं भउजी।”
कुमार पुष्पेन्द्र ने पढा़ – ” भारत मेरा प्यारा वतन, प्यारा वतन न्यारा वतन।”
वरिष्ठ कवि राजकुमार सोनी ने अपने ओजस्वी काव्यपाठ के साथ श्री कृष्ण जन्माष्टमी के उपलक्ष्य में मनहर छंद पढ़े।
श्री कृष्ण जन्माष्टमी के उपलक्ष्य में ध्यान सिंह चिंतन द्वारा ” देवहि लै वसुदेव चले धरि शीश अहीश करैं रखवारी, रोय रही जगजात जने उत सोय रही जसुदा महतारी।”
गोष्ठी का सफल संचालन करते हुए रणधीर सिंह ने पढा़ ” त्याग से कीर्ति जिसकी अमर हो गयी,कृष्ण की चेतना राधिका राधिका।” वरिष्ठ कवि अशोक सोनी ने पढा़ “सुखी पल के मीत मेरे, सुख हमारा मांग लो पर दर्द का यह क्षण न मांगो।”।
शायर अमरजीत ने पढा़ – “अपने हिस्से का तुम जानो, हमने प्रीत निभाई साथी।”
काव्यांजलि के क्रम में कवि अवधराम गुरु, वीरेंद्र सिंह करुण, आई पी सिंह , राम किशुन यादव, डा घनश्याम सलबैले, कुंदन सिंह , कृपा शंकर सोनी सहित दर्जनों कवियों ने कविता पाठ किया। समिति के अभिन्न अंग रमेश चंद्र रावत भी उपस्थित रहे।
समिति के संस्थापक राजकुमार सोनी ने सभी कवियों व अतिथियों का आभार ज्ञापित किया।
