सीएमओ डॉ. रंजन गौतम ने समझी जनसमस्याएं, कहा- प्रस्ताव उच्च अधिकारियों तक भेजेंगे

जिला संवाददाता -विशाल गुप्ता

बाराबंकी। जनपद बाराबंकी के लोगों को आने वाले समय में स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में बड़ी सौगात मिल सकती है। नवनियुक्त मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रंजन गौतम ने जिला अस्पताल के निरीक्षण के दौरान पत्रकारों द्वारा उठाए गए मेडिकल कॉलेज की आवश्यकता के मुद्दे को गंभीरता से सुना और आश्वासन दिया कि जनपद की स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को देखते हुए इस प्रस्ताव को उच्च अधिकारियों एवं शासन स्तर तक पहुंचाया जाएगा।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा प्रत्येक जिले में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की है। ऐसे में छह विधानसभा क्षेत्रों वाले बाराबंकी जिले में मेडिकल कॉलेज की मांग लंबे समय से उठती रही है। जनपद के ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों से हजारों मरीज प्रतिदिन इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंचते हैं। सीएचसी और पीएचसी स्तर पर विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधाओं की कमी के कारण मरीजों का दबाव लगातार जिला अस्पताल पर बढ़ रहा है।

बाराबंकी जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन लगभग तीन हजार मरीज पहुंचते हैं। वहीं ट्रामा सेंटर में करीब 130 बेड होने के बावजूद गंभीर दुर्घटनाओं और आपातकालीन स्थितियों में मरीजों की संख्या बढ़ने पर व्यवस्थाएं प्रभावित होने लगती हैं। हृदय रोग विशेषज्ञ, न्यूरोसर्जन और अन्य सुपर स्पेशियलिटी डॉक्टरों की कमी के कारण गंभीर मरीजों को अक्सर लखनऊ रेफर करना पड़ता है।

शुक्रवार को जिला अस्पताल के औचक निरीक्षण के दौरान सीएमओ डॉ. रंजन गौतम ने अस्पताल की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने मरीजों और तीमारदारों से बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी प्राप्त की। बाहर की दवाएं लिखने की शिकायत मिलने पर संबंधित चिकित्सकों को फटकार लगाई और मरीजों को अस्पताल में उपलब्ध दवाएं ही देने के निर्देश दिए।

उन्होंने ऑपरेशन थिएटर और इमरजेंसी वार्ड का निरीक्षण करते हुए कहा कि यदि इलाज के नाम पर कोई धन की मांग करता है तो उसकी शिकायत तत्काल की जाए। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि ड्यूटी के दौरान किसी भी कर्मचारी के नशे में पाए जाने पर एफआईआर दर्ज कराकर कार्रवाई की जाएगी।

मेडिकल कॉलेज के मुद्दे पर सीएमओ का सकारात्मक रुख सामने आने के बाद जनपदवासियों में नई उम्मीद जगी है। लोगों का मानना है कि यदि बाराबंकी में मेडिकल कॉलेज की स्थापना होती है तो न केवल बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी बल्कि गंभीर मरीजों को उपचार के लिए दूसरे जिलों का रुख भी नहीं करना पड़ेगा।

अब जनपद की जनता की निगाहें शासन स्तर पर होने वाली आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं।

1 view

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *