Month: May 2025

भक्ति, सेवा और समर्पण का अनुपम समागम

*: बड़े मंगल पर खत्री वूमेंस फाउंडेशन ने रचा पुण्य का नव अध्याय* ज्येष्ठ मास के पावन पर्व ‘बड़ा मंगल’ के शुभ अवसर पर जब श्रद्धा, सेवा और भक्ति की…

प्लाईवुड फैक्ट्री में भीषण आग, आधी रात तक बुझाई गई

*प्लाईवुड फैक्ट्री में भीषण आग, आधी रात तक बुझाई गई — कोई जनहानि नहीं* लखीमपुर खीरी, जिले के ग्राम बुढ़नापुर (चौकी महेवागंज, थाना सदर कोतवाली) स्थित एक प्लाईवुड फैक्ट्री में…

बड़े मंगल पर मानवता की मिसाल बनीं मंदाकिनी महिला ब्राह्मण संगठन की सदस्याएँ*

*बड़े मंगल पर मानवता की मिसाल बनीं मंदाकिनी महिला ब्राह्मण संगठन की सदस्याएँ* लखीमपुर खीरी, भीषण गर्मी में जब सूर्य की प्रखर किरणें राहगीरों को व्याकुल कर रही थीं, तब…

दिल्ली में पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी से की शिष्टाचार भेंट

*दिल्ली में पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी से की शिष्टाचार भेंट* नई दिल्ली। पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री एवं खीरी से सांसद अजय…

ऑपरेशन सिंदूर ,सैनिकों के सम्मान में गोरखपुर में मनाया गया भारत शौर्य तिरंगा यात्रा

रिपोर्ट:विनोद यादव गोरखपुर। 20 मई पहलगाम जम्मू कश्मीर में आतंकियों द्वारा निर्मम हत्या और उसके उकसावे बाद युद्ध में मारे गये शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि दी गयी। और देश के…

स्वर्गीय सुरेश शर्मा मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट में पिपरझला के कप्तान ने जीत हासिल की

***रिपोर्ट आकाश मिश्र**बहुआयामी समाचार**UP3105872262701AKM24071993**24OCT2024LMP001784**मितौली खीरी, 20 मई:* मितौली थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत परसेहरा मदारपुर में स्वर्गीय सुरेश शर्मा मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट हर वर्ष के भांति इस वर्ष भी खेला…

निघासन (खीरी) से बड़ी खबर: 12 दिन से ढखेरवा रोड पर फंसी कारोबारी की कार, नगर पंचायत की लापरवाही उजागर

रिपोर्ट: अनिल कुमार लखीमपुरखीरी।निघासन के ढखेरवा रोड पर नगर पंचायत की लापरवाही एक बार फिर सामने आई है। करीब 12 दिन पहले नगर पंचायत द्वारा खोदे गए नाले के किनारे…

लखीमपुरखीरी:बिजली कर्मियों की हड़ताल से बिजली आपूर्ति ठप,कैमहरा विद्युत उपकेंद्र के सभी फीडरों पर 72 घंटे का कार्य बहिष्कार, ग्रामीण परेशान

रिपोर्ट:शाबान सिद्दीकी फरधान खीरी। संविदा बिजली कर्मियों की हड़ताल से जनपद के फरधान क्षेत्र में बिजली आपूर्ति ठप हो गई है जिसमें कैमहरा विद्युत उपकेंद्र के ओदरहना, कैमहरा, भदुरा व…

यूपी में मार्च 2026 तक शिक्षकों के 1,93,862 पदों पर होगी भर्ती,राज्य सरकार ने पेश की कार्ययोजना..

✒️धर्मेन्द्र कसौधन(राष्ट्रीय ब्यूरो-एमडी न्यूज़) लखनऊ।यूपी में नौकरी पाने की बाट जोह रहे युवाओं के लिए अच्छी खबर है। प्रदेश सरकार जल्द ही शिक्षकों के 1 लाख 93 हजार 862 पदों…

महराजगंज के नए डीएम होंगे संतोष कुमार शर्मा,तो अनुनय झा को मिली हारदोई की कमान..जानिए किसको मिली कहाँ की जिम्मेदारी..

उत्तर प्रदेश में मंगलवार की देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल कर दिया गया। चार जिलों के जिलाधिकारियों और दो जिलों के मुख्य विकास अधिकारी समेत 14 आईएएस और छह पीसीएस…

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सदा -ए -मोबीन ❤️✍️ दहेजऔरउसका_निवारण (रोकना)…दुनिया के सभी मुल्कों की तरक्की उसमें रहने बसने वाले इंसानों की तरक्की पर निर्भर करती है हर मुल्क में भिन्न-भिन्न जाति समूह के लोग पाए जाते हैं और सभी जातियों की अपनी अपनी संस्कृति और परंपरा होती है, आज के दौर में दहेज लगभग सभी जातियों में विद्यमान एक परंपरा है, आधुनिक दौर में उन सभी स्थापित परंपराओं को खत्म करना अति आवश्यक है जो एक प्रजातंत्रात्मक देश में समानता के सिद्धांत को प्रभावित करती हैं तथा समाज व देश की तरक्की में बाधक बनती हैं!दहेज प्रथा इसमें एक प्रमुख बाधा है इसे रोकने के लिए संसद ने 1961 में दहेज प्रतिषेध अधिनियम बनाया, अफसोस कि वह किताबों से निकलकर धरातल पर पूरी तरह से लागू नहीं हो पाया यानी नागरिकों ने उस पर पूरी तरह से अमल नहीं किया!दहेज का मतलब किसी मूल्यवान प्रतिभूति से है यह हमारे समाज की एक अहम कुरीति के रूप में उभरती चली आ रही है, इस पे जिन पढ़े-लिखे, संपन्न और प्रतिष्ठित लोगों को रोक लगाना चाहिए वही इसका प्रदर्शन कर बढ़ावा दे रहे हैं, जिसका बुरा असर गरीबों पर पड़ता है उन्हें इससे मानसिक, भावनात्मक और असमानता जैसी प्रवृति का शिकार होना पड़ता है और अपनी लड़कियों को बोझ समझने लगते हैं!इसके कारण देश में औसतन हर एक घंटे में एक महिला दहेज संबंधी कारणों से मौत का शिकार होती है, दहेज के कारण ही घरेलू हिंसा, महिला उत्पीड़न, आईपीसी 498 A, मारपीट, सीआरपीसी 125, तीन तलाक, आदि अपराध होते हैं, लोग अदालतों के चक्कर लगाकर हजारों रुपए व कीमती समय बर्बाद करते हैं और सरकारी मशीनरी के प्रयोग से देश पर आर्थिक बोझ पड़ता है!अगर सभी जातियों के पढ़े-लिखे, समाज व देश हित में सोचने वाले लोग इस प्रथा को खत्म करने के लिए अपने समाज से इस्लाही तहरीक (सुधार आंदोलन) शुरू कर दें तो यह पूरी तरह खत्म हो जाएगी!हमने अपने साथियों के साथ अपनी गद्दी (गाज़ी) बिरादरी से इस कुरीति को खत्म करने की तहरीक शुरू कर दी है!भारत के विभिन्न राज्यों में गद्दी बिरादरी के लोग रहते हैं हर क्षेत्र में किसी न किसी रूप में दहेज का चलन है हमारे समाज में अधिक दहेज की मांग करना, भारी-भरकम बारात ले जाना, तरह तरह का खाना बनवाना, बड़े-बड़े भौकाली लोगों को दावत देने को लोग अपनी प्रतिष्ठा समझते हैं! हम किसी से कम नहीं की भावना में जीने वाले हमारे गद्दी भाइयों यह सोच हमारी बिरादरी, समाज और देश की तरक्की में बाधक है!और तो और बहुत से पढ़े-लिखे हमारे नौजवान साथी यह सोच बना लेते हैं कि पढ़ लिख कर जब हमें नौकरी मिल जाएगी तो किसी पैसे वाले परिवार से हमारा रिश्ता होगा खूब दहेज मिलेगा और बहुत हसीन बीवी, यानी पढ़े-लिखे और नौकरी पेशा लड़कों में दहेज की इच्छा चार गुना बढ़ जाती है, और लड़की वाले भी यह सोच बना लेते हैं कि लड़का नौकरी वाला या पैसे वाला ही हो दहेज चाहे जितना देना पड़ जाए, मेरे गद्दी भाइयों यह सोच गलत है क्योंकि लालच में किया गया निकाह गलत है!मेरे गद्दी भाइयों हमारा दीन इस्लाम है और हमारे आदर्श हजरत मोहम्मद स. हैं, हमें अपने दीन और अपने आदर्श के बताए हुए रास्ते पर चलना है!हुजूर से शादी हजरत बीबी खदीजा रजि. ने इसलिए नहीं किया था कि वह कोई सरकारी हाकिम है या बहुत बड़े व्यापारी या जमींदार या किसी सियासी ओहदे पर हैं, बल्कि इसलिए किया था कि उनके अख्लाक, आदत, किरदार, व्यवहार, ईमानदारी, सादगी और सच्चाई की कोई मिसाल नहीं!मेरे नौजवान साथियों धन, दौलत, पद, प्रतिष्ठा हासिल करो मगर इसकी वजह से निकाह में विलंब ना करो और यह मिल जाने पर दहेज का लालच ना करो, तुम्हारा पद, दौलत तो लोगों को ही पसंद आएगी, लेकिन उसके साथ सादगी पसंद नेक इंसान बनो जो खुदा को पसंद आएगा!हम अपने ऑल इंडिया गद्दी समाज फेडरेशन के सभी अविवाहित नौजवान साथियों से गुजारिश करते हैं कि संकल्प लो कि हम अपनी शादी में बिल्कुल दहेज नहीं लेंगे दोस्तों अगर तुम्हीं इस पर अमल नहीं करोगे तो बिरादरी इस पर अमल कैसे करेगी, हुजूर साहब हर बात पर पहले खुद प्रैक्टिकल करते थे तब समाज के लोग मानते थे लिहाजा आप लोग इस पर अमल करने की मेहरबानी करें, दोस्तों त्याग अल्लाह को बहुत पसंद है, दहेज का त्याग करो!बिहार,उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश आदि के संगठन से जुड़े हमारे नौजवान साथी भी इस पर अमल करें और संकल्प लें!हुजूर ने अपनी बेटी की शादी में गृहस्ती की 9 चीजे दी थी और चंद खास लोगों को दावत दी थी,वो भी मेहर के पैस से!.. इस्लाम में बारात का भी कोई जिक्र नहीं है बारात को भी बाईकाट करें.. हम तो इसे लुटेरों का गैंग कहते हैं!हम लोग हुजूर की सुन्नत पर अमल करें निकाह में अपने चंद खास रिश्तेदारों व दोस्तों को ही ले जाएं ताकि लड़की वाले पर खाना देने का दबाव खत्म हो जाए!इस्लाम के मुताबिक निकाह में लड़की पक्ष का खर्च न के बराबर है वलीमा आदि लड़के वाले को करना चाहिए!मेरे गद्दी समाज के लोगों हमें अपने दीन पर मजबूती से अमल करना चाहिए, सुन्नत व हदीस के मुताबिक ही शादी करना चाहिए!