*ज्योतिर्विद परिषद बाराबंकी का गठन, राकेश कांत शुक्ल बने अध्यक्ष*बाराबंकी ()धर्म जागरण बाराबंकी धाम, उत्तर प्रदेश के संयोजक अमित अवस्थी ‘अधिवक्ता’ द्वारा सरदार भूपेंद्र सिंह (प्रधान, गुरु सिंह सभा, लाजपत नगर, बाराबंकी),लोधेश्वर महादेवा मंदिर के मुख्य पुजारी वीरेंद्र कुमार अवस्थी तथा ज्योतिर्विद परिषद के निवर्तमान अध्यक्ष उमाकांत द्विवेदी ‘अधिवक्ता’ के प्रस्ताव पर ज्योतिषियों, पांडित्यकर्मियों, संतों एवं धर्म सेवकों की उपस्थिति में ज्योतिर्विद परिषद बाराबंकी के अध्यक्ष पद पर राकेश कांत शुक्ल ‘अधिवक्ता’ को आगामी एक वर्षीय कार्यकाल के लिए सर्वसम्मति से मनोनीत किया गया।हैदरगढ़ रोड स्थित पंचमदास कुटी, बाराबंकीधाम में आयोजित इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संयोजक अमित अवस्थी ने कहा कि ज्योतिर्विद परिषद का मुख्य उद्देश्य जनपद के लिए ‘एकमत पंचांग’ का प्रकाशन करना है, जिससे हिंदू तीज-त्योहारों एवं स्थानीय अवकाशों के समय निर्धारण में किसी प्रकार की अस्पष्टता न रहे।अपने संबोधन में नव-निर्वाचित अध्यक्ष राकेश कांत शुक्ल ने कहा कि ज्योतिष एक विज्ञान है, जिसे न समझ पाने वाले लोग ही इसका उपहास करते हैं। उन्होंने कहा कि भले ही बड़े-बड़े राजनेता मंच से कुछ भी कहें, लेकिन सभी किसी न किसी रूप में ज्योतिष की शरण में जाते हैं। ज्योतिषीय गणनाएँ पंडितों, संतों एवं संपूर्ण हिंदू समाज को एक सूत्र में पिरोने का कार्य करती हैं।इस अवसर पर प्रमुख रूप से बलजीत अरोड़ा, शलभ द्विवेदी, राजेंद्र प्रसाद यादव, बिहारी लाल अवस्थी, युगल किशोर दीक्षित, राकेश शुक्ल, जयकृष्ण मिश्र, अंबुज कुमार मिश्र, शैलेंद्र गुप्त, हिमांशु पांडेय, सुरेश गौतम, राजेंद्र पांडेय, गिरजाकांत शर्मा, डॉ. तेज नारायण वर्मा, सतीश अवस्थी, प्रताप नारायण वर्मा, धर्मेंद्र मिश्र, भगवत शरण शुक्ल, राजेश अग्रवाल, नरेंद्र कुमार त्रिपाठी, महाराज दीन वर्मा, संदीप कृष्ण भारद्वाज, देवकीनंदन पाठक, विनय कुमार विकल, बैजनाथ शुक्ल, राजेश जायसवाल, जगन्नाथ मिश्र, संदीप सिंह, पवन कुमार मिश्र, प्रद्युम्न रावत, डॉ. ऋषिकांत शुक्ल सहित अनेक धर्मसेवक उपस्थित रहे। ब्यूरो चीफ रामानंद सागर



