फतेहपुर, जिले में पर्यावरण संरक्षण और भूजल बचाने को लेकर प्रशासन ने कमर कस ली है। को जन आंदोलन का रूप देकर सफल बनाया जाएगा।

मंगलवार को कलेक्ट्रेट के महात्मा गांधी सभागार में आयोजित बैठक में डीएम ने 12 जुलाई को होने वाले वृक्षारोपण की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने सभी विभागों को लक्ष्य के अनुरूप समय से पौधों का उठान करने और चिन्हित स्थलों पर रोपण के निर्देश दिए।

डीएम ने कहा कि जिन विभागों ने अभी तक पौधे नहीं उठाए हैं, वे तत्काल उठान कराएं। रोपित पौधों के संरक्षण की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए। सभी विभाग अपनी कार्ययोजना के साथ चिन्हित स्थानों पर पौधरोपण कराएं। रोपण की फोटो, वीडियोग्राफी और जीओ टैगिंग अनिवार्य रूप से कराई जाए।
उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण महायज्ञ की निगरानी के लिए जिला स्तर पर कंट्रोल रूम बनाया गया है। कोई समस्या आने पर उसका तत्काल समाधान कराया जाएगा। डीएम ने अधिकारियों से कहा कि अपने-अपने लाभार्थियों से भी एक-एक पौधा लगवाएं, क्योंकि बिना जन सहभागिता के यह अभियान सफल नहीं होगा।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि शासन के निर्देश पर 16 जुलाई से 22 जुलाई 2026 तक भू-गर्भ जल सप्ताह मनाया जाएगा। इसका उद्देश्य भूजल के बढ़ते उपयोग और गिरते जल स्तर को रोकना है।

भूजल सप्ताह ग्राम पंचायत, नगर पालिका, नगर पंचायत, ब्लॉक और जनपद स्तर पर मनाया जाएगा। हर ग्राम पंचायत में भूजल संरक्षण के लिए 5-5 सोक पिट बनवाए जाएंगे। आम नागरिकों में जल संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।
इस बार भूजल सप्ताह की थीम जल संरक्षण का करे संकल्पइसका नहीं है कोई विकल्प रखी गई है।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी पवन कुमार मीना अपर जिलाधिकारी वित्त/राजस्व, अपर जिलाधिकारी न्यायिक, जिला विकास अधिकारी, डीसी जीरामजी, डीसी एनआरएलएम, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, वनाधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

