डेढ़ वर्ष के मासूम इकरार के सर उठा मां की ममता का साया

मसौली बाराबंकी। थाना हैदरगढ़ क्षेत्र के बम्हरौली गांव में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतका की मां ने ससुराल पक्ष पर दहेज की मांग को लेकर प्रताड़ित करने और हत्या कर शव को फांसी पर लटकाकर आत्महत्या का रूप देने का आरोप लगाया है। इस मामले में उन्होंने मसौली थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
शहाबपुर निवासी उम्मतुल पत्नी स्वर्गीय शफी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनकी पुत्री नर्गिस की शादी करीब तीन वर्ष पूर्व बम्हरौली निवासी अफजाल पुत्र कल्लू के साथ हुई थी। आरोप है कि 24 जुलाई की शाम करीब चार बजे उन्हें फोन पर सूचना मिली कि उनकी पुत्री ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। सूचना मिलने पर जब मायके पक्ष के लोग मौके पर पहुंचे तो घर पर ससुराल पक्ष का कोई सदस्य मौजूद नहीं था। परिजनों ने तत्काल 112 नंबर पर सूचना दी। मृतका की मां का आरोप है कि घटनास्थल की परिस्थितियों और अन्य तथ्यों से उन्हें आत्महत्या के बजाय हत्या की आशंका है। उन्होंने आरोप लगाया कि ससुर कल्लू, पति अफजाल, देवर रिजवान, रेशमा और मोसिमा उनकी पुत्री को दहेज के लिए प्रताड़ित करते थे और सभी ने मिलकर साजिश के तहत उसकी हत्या कर शव को फांसी पर लटका दिया।
मृतका नर्गिस के पीछे उसका डेढ़ वर्षीय मासूम बेटा इकरार रह गया है। मां की मौत के बाद मासूम के सिर से ममता का साया उठ गया है। मृतका की मां ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। शनिवार दोपहर बाद पोस्टमार्टम के बाद परिजनों ने मृतका के शव को उसके मायके शहाबपुर स्थित कब्रिस्तान में मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार सुपुर्द-ए-खाक कर दिया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
तेज बहादुर शर्मा
मंडल ब्यूरो चीफ अयोध्या।
