हाथरस, 05 सितंबर 2026। शिक्षक दिवस के अवसर पर कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न विद्यालयों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 23 शिक्षकों को पुस्तक एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम के दौरान बाबा गंभीर नाथ प्रेक्षागृह, गोरखपुर से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कर-कमलों से आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह के सजीव प्रसारण का भी प्रदर्शन किया गया। जिला स्तरीय कार्यक्रम मा. सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि की अध्यक्षता में आयोजित हुआ। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह कुशवाह, आरएलडी जिलाध्यक्ष श्याम सिंह, अपना दल जिलाध्यक्ष रवि सारस्वत, जिलाधिकारी अतुल वत्स, पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा एवं मुख्य विकास अधिकारी पी.एन. दीक्षित सहित अन्य अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने भारत के पूर्व राष्ट्रपति एवं महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया। इसके बाद उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों का बुके एवं स्मृति चिन्ह भेंटकर स्वागत किया गया।

समारोह को संबोधित करते हुए जनप्रतिनिधियों ने कहा कि शिक्षक केवल विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान नहीं देते, बल्कि उनके चरित्र, व्यक्तित्व और राष्ट्र का निर्माण करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा शिक्षकों के साथ-साथ रसोइयों, शिक्षा मित्रों, अनुदेशकों एवं शिक्षा व्यवस्था से जुड़े अन्य कार्मिकों के योगदान को भी सम्मान दिया जा रहा है।

पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा ने गुरु-शिष्य परंपरा एवं गुरु के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सनातन परंपरा में गुरु का विशेष स्थान रहा है। उन्होंने कहा कि बच्चे विद्यालय में कच्ची मिट्टी के समान आते हैं और शिक्षक अपने ज्ञान, संस्कार एवं मार्गदर्शन से उन्हें तराशकर बेहतर नागरिक बनाते हैं।

जिलाधिकारी अतुल वत्स ने कहा कि राष्ट्र का निर्माण केवल बड़ी उपलब्धियों से नहीं, बल्कि प्रत्येक कक्षा, ब्लैकबोर्ड और विद्यार्थी की कॉपी में लिखे गए छोटे-छोटे प्रोत्साहन के शब्दों से होता है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की सबसे बड़ी पूंजी उनके विद्यार्थियों की उपलब्धियां हैं। शिक्षक का दायित्व केवल पाठ्यक्रम पूरा करना नहीं, बल्कि बच्चों में आत्मविश्वास, अभिव्यक्ति की क्षमता और आगे बढ़ने का जज्बा पैदा करना भी है।

जिलाधिकारी ने शिक्षकों से विशेष रूप से अपील की कि वे अपनी कक्षा के सबसे कमजोर विद्यार्थी का हाथ कभी न छोड़ें। उन्होंने कहा कि जो विद्यार्थी पहले से अच्छा कर रहा है, उसे आगे बढ़ाना आसान है, लेकिन कमजोर विद्यार्थी को साथ लेकर चलना ही शिक्षक की वास्तविक परीक्षा और सफलता है।

उन्होंने पुलिस अधीक्षक द्वारा शुरू की गई ‘पंख स्नेहल’ लेटर राइटिंग प्रतियोगिता की सराहना करते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी एवं मुख्य विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि इस पहल को सभी कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों तथा उच्च प्राथमिक विद्यालयों तक पहुंचाया जाए।

समारोह में मुरसान, सासनी, हाथरस, नगर हाथरस, हसायन, सादाबाद, सहपऊ एवं सिकंदराराऊ विकास क्षेत्रों के प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों तथा कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों के 23 शिक्षक-शिक्षिकाओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वालों में नीरज कुमार, खुशबू सिंह, यशोधरा सिंह, नीशु दीक्षित, पुष्पेन्द्र कुमार, सुधीर कुमार वर्मा, ऋतु वशिष्ठ, पूनम वाजपेयी, अरुण शर्मा, डॉली, सम्भुदयाल, प्रेमलता, प्रमेश कुमार शर्मा, वंदना अग्रवाल, आलोक कुमार, प्रभात कुमार, आकांक्षा सेंगर, मनीषा सिंह, रेनू शर्मा, मीरा यादव, नितेश, तूलिका सक्सेना एवं बबिता चौधरी शामिल रहे।

इस अवसर पर विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान एवं आभार व्यक्त किया। संविलियन विद्यालय कोटा की कक्षा 8 की छात्रा पायल तथा संविलियन विद्यालय नगर क्षेत्र हतीसा के कक्षा 8 के छात्र विवेक कुमार सहित अन्य विद्यार्थियों ने शिक्षकों के शिक्षण कार्य, व्यवहार एवं मार्गदर्शन के बारे में अपने विचार साझा किए।

विद्यार्थियों ने कहा कि शिक्षक उन्हें केवल पाठ्यक्रम की शिक्षा ही नहीं देते, बल्कि अनुशासन, संस्कार, मेहनत और जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा भी देते हैं। कार्यक्रम में विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं को स्टेशनरी किट भी प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।

इस मौके पर प्रभारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, जिला सूचना अधिकारी, भाजपा जिला मीडिया प्रभारी सुनील वर्मा, विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाएं तथा प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

रिपोर्ट राजा पाठक

5 views

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *