
वंचित समाज की भागीदारी के लिए लड़ रही है कांग्रेस: अशोक विश्वकर्मा
वंचित वर्ग की जब तक वास्तविक भागीदारी सुनिश्चित नहीं होती तब तक न्याय अधूरा
वाराणसी।अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ओबीसी विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं एडवाइजरी काउंसिल के सदस्य अशोक कुमार विश्वकर्मा ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा है कि कांग्रेस पार्टी न्याय योद्धा राहुल गांधी के नेतृत्व में “भागीदारी न्याय” के संकल्प के साथ वंचित समाज के भागीदारी और सामाजिक न्याय के लिए लड़ रही है। कांग्रेस ने लोकसभा चुनाव के दौरान जारी घोषणापत्र (“न्याय पत्र”) के पाँच मुद्दों को मुख्य स्तंभ बनाया है। जिसके तहत, कांग्रेस ने कई कार्यक्रम शुरू किए हैं पार्टी ने देशव्यापी सामाजिक-आर्थिक और जाति जनगणना कराने का वादा किया है ताकि वंचित वर्गों की सटीक संख्या और स्थिति का पता चल सके और उसी के आधार पर सकारात्मक कार्रवाई को मजबूत किया जा सके। कांग्रेस ने अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST), और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए आरक्षण पर 50 प्रतिशत की संवैधानिक सीमा को बढ़ाने के लिए संविधान संशोधन पारित करने की गारंटी दी है।रिक्त पदों को भरने के लिए पार्टी ने एक साल के भीतर SC, ST और OBC के लिए आरक्षित सभी बैकलॉग रिक्तियों को सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में भरने का वादा किया है। कांग्रेस ने वंचित वर्ग की महिलाओं, दलितों, आदिवासियों, ओबीसी, पसमांदा मुसलमानों और आर्थिक रूप से कमजोर समूह के लिए राजनीतिक भागीदारी”संविधान लीडरशिप प्रोग्राम” शुरू किया है।पार्टी अपने सांगठनिक ढांचे में भी पिछड़े समुदायों को अधिक प्रतिनिधित्व देने के लिए काम कर रही है, जिसमें सभी स्तरों पर 50 प्रतिशत आरक्षण का सुझाव शामिल है। इस तरह के पहल से, कांग्रेस का लक्ष्य सामाजिक न्याय सुनिश्चित करना है। कांग्रेस पार्टी का मानना है कि जब तक वंचित वर्गों की वास्तविक हिस्सेदारी और भागीदारी सुनिश्चित नहीं होती, तब तक न्याय अधूरा रहेगा।
