
. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती पर राष्ट्र ने किया नमन
प्रधानमंत्री बोले— राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए उनका योगदान सदैव प्रेरणादायी
नई दिल्ली/वाराणसी। भारत की एकता, अखंडता और राष्ट्रनिर्माण के प्रति समर्पित महान शिक्षाविद्, विचारक एवं जननेता डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती पर देशभर में उन्हें श्रद्धापूर्वक याद किया गया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संदेश में कहा कि डॉ. मुखर्जी का जीवन साहस, त्याग, राष्ट्रभक्ति और जनसेवा का अद्वितीय उदाहरण है। उन्होंने शिक्षा, प्रशासन और उद्योग जैसे विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देकर आधुनिक भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रधानमंत्री ने कहा कि डॉ. मुखर्जी विद्वता, उच्च नैतिक मूल्यों और राष्ट्रहित के प्रति अटूट समर्पण के प्रतीक थे।
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि भारत की एकता और अखंडता की रक्षा डॉ. मुखर्जी का सर्वोच्च संकल्प था। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 का हटना उनके सपनों को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है और यह उनके विचारों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
उन्होंने देश के युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि वे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के आदर्शों से प्रेरणा लेकर सशक्त, आत्मनिर्भर और एकजुट भारत के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का राष्ट्र के प्रति समर्पण, दूरदर्शी नेतृत्व और प्रेरणादायी व्यक्तित्व आज भी देशवासियों के लिए मार्गदर्शक बना हुआ है।
