
अखिल भारतीय ब्राह्मण एकता परिषद की बैठक सहसवान तहसील ग्राम रियोनाई खितौरा में सम्पन्न हुई
रिपोर्टर प्रदीप पांडेय बदायूं
जनपद बदायूं तहसील सहसवान में अखिल भारतीय ब्राह्मण एकता परिषद, अबध प्रान्त, उत्तर प्रदेश के जनपद -बदायूं की एक बैठक सहसवान तहसील के ब्लाक सहसवान के ग्राम रियोनाई खितौरा में हुई।बैठक में सभी देवी-देवताओं का पंचोपचार पूर्वक पूजन अर्चन, चालीसा, आरती एवं परिषद के सात सूत्रीय संकल्पों का वाचन किया गया। बैठक की अध्यक्षता अखिल भारतीय ब्राह्मण एकता परिषद, अबध प्रान्त, उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ उपाध्यक्ष राम अवतार मिश्रा ने की तथा संचालन सहसवान ब्लाक अध्यक्ष श्री गौतम शंखधार ने किया। बैठक में परिषद एवं जन सामान्य मंच व राष्ट्रीय विकल्प मोर्चा के बारे में विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में बोलते हुए अखिल भारतीय ब्राह्मण एकता परिषद, अबध प्रान्त, उत्तर प्रदेश के वरिष्ठ उपाध्यक्ष राम अवतार मिश्रा ने कहा कि ब्राह्मणों ने हमेशा सम्पूर्ण विश्व को अपना माना और सभी का भला किया। लेकिन ब्राह्मणों का भला करना तो दूर किसी ने सोचा तक नहीं। उल्टे उनके साथ घोर अत्याचार, अन्याय और शोषण किया गया। संगठित होकर अवैध हथकंडों से उनकी जमीन,जगह, मकान, दुकान छीने गए ,हत्यायें तक की गयीं। वहीं सरकार ने उनकी सुरक्षा, विकास और न्याय हेतु कानून बनाने की बजाय अहितकारी कार्य एवं कानून बनाये हैं जो असंवैधानिक, अलोकतांत्रिक एवं मानवीयता के विपरीत हैं । अतः अब हमें अपने हितों के लिए स्वयं प्रयास करने होंगे। प्रयासों की सफलता के लिए संगठित होना आवश्यक है।हम जागें, उठें , संगठित होंऔर प्रयास करें। बैठक में बोलते हुए सहसवान ब्लाक अध्यक्ष श्री गौतम शंखधार ने कहा कि हम सब की दयनीय और लाचार स्थिति कर दी गई है।अब हमें अपने हितों के लिए संगठित होना होगा। इसके लिए हमें अधिक से अधिक विप्र बन्धुओं को संगठन से जोड़ना होगा। तभी हम मजबूत होंगे और अपने हितों के लिए कार्य कर सकेंगे। तभी हम सब का कल्याण संभव है। बैठक में सर्व श्री ब्लाक उपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र कुमार मिश्रा,अजय शंखधार, कुलदीप पाठक, अवनेश शंखधार, कुलदीप सिंह तोमर,रत्नेश शंखधार, श्रीमती निशा मिश्रा,विमल पाराशरी, अनुराग मिश्रा, श्रीमती मुन्नी सिंह तोमर आदि ने भी यू जी सी -2026 नियम आदि जैसे सवर्ण अहितकारी नियम और कानूनों पर असन्तोष एवं गहरा रोष व्यक्त करते हुए इन्हें सरकार से तुरन्त वापस लेने अथवा समाप्त करने की मांग की।
